आगर-मालवा, 04 सितम्बर/ उपसंचालक किसान कल्याण तथा कृषि विकास श्री विजय चौरसिया द्वारा मनोहर कृषि सेवा केन्द्र आगर के लिया गया उर्वरक नमूना अमानक पाए जाने पर लायसेंस निलंबित किया गया है।
विदित हो कि वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी एवं उर्वरक निरीक्षक विकासखण्ड आगर द्वारा मेसर्स मुरली मनोहर कृषि सेवा केन्द्र आगर से केल्शियम नाईट्रेट (केल्शियम- 14.5 प्रतिशत एवं नाईट्रेट – 18.5प्रतिशत) का उर्वरक नमूना लिया गया था। जिसको परीक्षण करने हेतु उर्वरक गुण नियंत्रण प्रयोगशाला सागर भेजा गया था। उर्वरक प्रयोगशाला से प्राप्त विश्लेषण रिर्पोट में वाटर सोलूबल कैल्शियम नाइट्रेट 18.5प्रतिशत की जगह विश्लेषण में शून्य (0) पाया गया है। तथा नाईट्रेट, नाईट्रोजन 14.5 की जगह शून्य (0) पाया गया है दोनो पोषक तत्व शून्य (0) पाये जाने से प्रयोगशाला द्वारा उक्त कैल्श्यिम नाईट्रेट के उर्वरक नमूने को अमानक घोषित किया है। केल्शियम नाईट्रेट उर्वरक जो कि मेसर्स मुरली मनोहर कृषि सेवा केन्द्र, आगर द्वारा विक्रय किया जा रहा था, जिसका निर्माण ग्रीन गोल्ड क्रॉप एण्ड बायो साइंस प्राईवेट लिमिटेड महशोबा नगर हरसूल औरंगाबाद महाराष्ट्र द्वारा किया गया है। उर्वरक नमूना अमानक होने के कारण मेसर्स मुरली मनोहर कृषि सेवा केन्द्र, आगर एवं निर्माता कम्पनी को कार्यालयीन पत्र क्रमांक/उर्वरक/प्रतिबंध/2024-25/2900 आगर-मालवा दिनांक 23.08.2024 के माध्यम से कारण बताओं सूचना-पत्र एवं उर्वरक प्रतिबंध आदेश जारी किया गया था। उसके परिपालन में मेसर्स मुरली मनोहर कृषि सेवा केन्द्र, आगर द्वारा 03 सितम्बर को अपना जवाब प्रस्तुत किया गया। जवाब समाधानकारक न होने के कारण मेसर्स मुरली मनोहर कृषि सेवा केन्द्र, आगर प्रोपराइटर करणसिंह यादव को प्रदाय उर्वरक लायसेंस नं. 204/2021-22 को आज को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। उर्वरक निर्माता कम्पनी का जवाब अभी तक प्राप्त नही हुआ है। जवाब प्राप्त होने पर निर्माता कम्पनी पर भी उर्वरक गुण नियंत्रण आदेश 1985 के तहत कार्यवाही की जावेगी।
