OBC के 27% आरक्षण पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 13% होल्ड पदों पर सामान्य वर्ग को नियुक्ति
भोपाल। मध्यप्रदेश में अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) को 27 प्रतिशत आरक्षण देने से जुड़े मामले में उच्च न्यायालय ने महत्वपूर्ण निर्णय दिया है। न्यायालय ने वर्ष 2019 से 2022 के बीच की गई नियुक्तियों के संबंध में 13 प्रतिशत अतिरिक्त नियुक्तियों को संरक्षित रखते हुए आगामी भर्ती में समायोजित करने के निर्देश दिए हैं। वहीं, वर्ष 2022 के बाद से निर्णय की तारीख तक की गई भर्तियों में 13 प्रतिशत होल्ड पदों पर सामान्य वर्ग के अभ्यर्थियों को नियुक्ति देने के निर्देश दिए गए हैं।
राज्य सरकार की ओर से जारी बयान में तत्कालीन कांग्रेस सरकार द्वारा अध्यादेश के माध्यम से लागू किए गए 27 प्रतिशत OBC आरक्षण के प्रावधानों पर सवाल उठाए गए हैं। सरकार का कहना है कि आरक्षण संबंधी नोटिफिकेशन में खामियां थीं और इसे जल्दबाजी में लागू किया गया था। बयान में यह भी आरोप लगाया गया कि इस संबंध में राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग से परामर्श नहीं लिया गया था।
राज्य सरकार ने कहा है कि उच्च न्यायालय के निर्णय के बाद तत्कालीन कांग्रेस सरकार की आरक्षण नीति और इसे लागू करने की प्रक्रिया पर सवाल खड़े हुए हैं। सरकार न्यायालय के फैसले का विधिक परीक्षण कर आगे की कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।
उच्च न्यायालय के इस फैसले को मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण से जुड़ी भर्ती प्रक्रिया के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, फैसले के प्रभाव और आगे की कार्रवाई को लेकर स्थिति राज्य सरकार के विधिक परीक्षण तथा संबंधित न्यायिक आदेश के विस्तृत अध्ययन के बाद और स्पष्ट होगी।
